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सिंचाई टैक्स में
50 प्रतिशत विशेष छूट
राज्य के पौने ग्यारह लाख किसानों को मिलेगा
फायदा
छत्तीसगढ़ के लगभग पौने ग्यारह लाख किसानों को इस वर्ष सिंचाई
टैक्स की बकाया राशि पर राज्य शासन द्वारा दी जा रही
50 प्रतिशत की विशेष छूट का लाभ मिलेगा। अगर
ये किसान चालू वित्तीय वर्ष 2007-08
में 31 मार्च 2008
तक सिंचाई टैक्स की बकाया राशि का 50
प्रतिशत जमा कर दें,
तो उन्हें अनुमानित 36 करोड़ 22
लाख रूपए की विशेष छूट का फायदा मिलेगा।
उल्लेखनीय है कि मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह द्वारा की गयी इस
घोषणा पर अमल के लिए जल संसाधन विभाग ने प्रक्रिया निर्धारित
कर दी है। राज्य के चार नदी कछारों में शामिल सभी
18 जिलों के दस लाख 71
हजार 666 किसानों को इसका लाभ मिलने की
संभावना है। महानदी परियोजना रायपुर के अन्तर्गत धमतरी,
रायपुर, दुर्ग,
बस्तर (जगदलपुर),
उत्तर बस्तर (कंाकेर), दक्षिण बस्तर
(दंतेवाड़ा), बीजापुर और नारायणपुर
जिलों से दो लाख 73 हजार 178
किसानों को मुख्यमंत्री की इस घोषणा के तहत छह
करोड़ 18 लाख रूपए की विशेष छूट मिल
सकती है। राज्य शासन द्वारा इस निर्णय के क्रियान्वयन के लिए
जलसंसाधन विभाग के संभाग स्तरीय कार्यपालन अभियंताओं को
31 मार्च 2008 तक के
लिए प्राधिकृत किया गया है।
विभागीय अधिकारियों ने आज यहां बताया कि महानदी गोदावरी कछार
रायपुर के अन्तर्गत दुर्ग,
राजनांदगांव, कबीरधाम
(कवर्धा), महासमुंद,
रायपुर और धमतरी जिलों के इलाकों में कुल चार
लाख 56 हजार 779
किसान इस विशेष रियायत का लाभ उठा सकते हैं,
जिन्हें 19 करोड़
39 लाख रूपए की छूट मिलेगी। मिनीमाता
बांगो परियोजना बिलासपुर के कार्य क्षेत्र में शामिल कोरबा,
जांजगीर-चाम्पा और रायगढ़ जिलों के इलाकों में
लगभग एक लाख 05 हजार किसानों को चार
करोड़ 23 लाख रूपए और हसदेव कछार
बिलासपुर के अंतर्गत सरगुजा, बिलासपुर,
कोरिया, रायगढ़ और
जशपुर जिलों के दो लाख 36 हजार
734 किसानों को छह करोड़ 42
लाख रूपए की विशेष छूट मिलने की संभावना है।
अधिकारियों ने यह भी बताया कि राज्य शासन के इस निर्णय पर अमल
के लिए निर्धारित प्रक्रिया के साथ किसान की परिभाषा भी स्पष्ट
कर दी गयी है। इस प्रयोजन के लिए किसान का आशय ऐसे व्यक्ति से
होगा, जो भूमि स्वामी,
मौरूसी काश्तकार,
शासकीय पट्टेदार या सेवा भूमि के स्वामित्व वाली कृषि भूमि
धारक हो या किसी दूसरे व्यक्ति की कृषि भूमि पर खेती करता हो।
योजना के स्वरूप के तहत एक अप्रैल 2007
की स्थिति में सिंचाई टेक्स की बकाया राशि का 50
प्रतिशत भुगतान 31
मार्च 2008 तक संबंधित किसान द्वारा कर
दिया जाए तो उसकी शेष बकाया राशि राज्य शासन द्वारा माफ कर दी
जाएगी। योजना का लाभ 31 मार्च
2008 तक मिलेगा। ज्ञातव्य है कि मुख्यमंत्री
द्वारा इसके पहले वर्ष 2004 में
किसानों को सिंचाई जल कर की बकाया राशि के भुगतान पर 40
प्रतिशत की छूट दी गयी थी, जिसका लाभ
दो लाख 59 हजार से अधिक किसानों को
मिला था। उन्हें आठ करोड़ 55 लाख रूपए
की विशेष रियायत मिली थी।

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