इंडियन न्यूज सर्विस

Indian News Service

   राष्ट्रीय समाचार एजेंसी

00 समाचार एवं विचार का दैनिक पत्र 00

 मुख्य पृष्ठ

  आंचलिक

  राष्ट्रीय

  अंतरराष्ट्रीय

  राजनीति

  क्रीडा

  समाज

  साहित्य

  प्रौद्योगिकी

  व्यक्तित्व

 लोक-अभिरुचि

  पर्यटन

  फीचर्स

  फोटोग्राफ

  वीडियो

 सदस्य कैसे बनें

 

 

 

 

 

 

 

 

 

 

 

 

 

 

 

 

 

अब युवा लिखेंगे भारत का नया इतिहास

क लंबे समय के बाद युग परिवर्तन के संकेत मिलने लगे हैं। पहली बार ट्वेंटी-20 विश्व क्रिकेट मैच में भारत के युवाओं ने एक नया इतिहास रचा है। कल जोहानसबर्ग दक्षिण अफ्रीका में आयोजित बेहद संघर्षपूर्ण फाइनल मुकाबले में भारतीय क्रिकेट टीम अपने चिरपरिचित प्रतिद्वंद्वी पाकिस्तान टीम को हराने में सपफल रही। टीम के एक दो को छोड़कर प्राय सभी खिलाड़ी कोई 30 वर्ष से कम उम्र के हैं। युवाओं ने अपनी उर्जा का भरपूर और अच्छा इस्तेमाल किया जिसके कारण भारत ने विश्व क्रिकेट में इतिहास की नई इबादत लिखी। भारत की जीत पर पूरे देश में उत्सव का माहौल रहा। देश के सभी बड़े शहरों से लेकर गांवों तक युवा वर्ग ने जोरदार जश्न मनाकर जीत का स्वागत किया। पहली बार देश में दीपावली पर्व की तरह जगह- जगह  पटाखे फोड़े गए। आतिशबाजी की गई और होली पर्व की तरह युवाओं की टोलियों ने सड़कों पर बाजे-गाजे के साथ नाच गान किया। भारतीय तिरंगे लहराए गए। इसमें क्रिकेट में जीत से ज्यादा युवा टीम के प्रदर्शन और युवा खिलाड़ियों का उत्साहवर्धन ज्यादा था।

 

युवाओं का यह उत्साह इस बात का संकेत देता है कि अब भाई भतीजावाद बैकडोर एन्ट्री और एप्रोच का जमाना नहीं रहा। सही प्रतिभा हो, तो उसका सम्मान होगा। ट्वेंटी-20 क्रिकेट टीमि में कई ऐसे खिलाड़ी भी है जो सामान्य परिवारों से हैं। जोगिंदर शर्मा के पिता अभी भी पान की दुकान चलाते हैं। इसी तरह दो मुस्लिम खिलाड़ी अत्यंत गरीब परिवार के हैं मगर अपनी प्रतिभा के दम पर उन्होंने टीम में स्थान बनाया। कप्तान महेंद्र सिंह धोनी ने पहली बार युसुफ पठान को न केवल स्थान दिया अपितु विश्व कप के फायनल मैच की ओपनिंग में बैटिंग  का मौका दिया और खिलाड़ी ने अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया। दरअसल ट्वेंटी-20 क्रिकेट मैच ने युग परिवर्तन का संकेत दे दिया है।

 

राजनीतिक क्षितिज में पिछले संसदीय चुनाव के समय ही युवाओं की दस्तक शुरू हो गई थी। पायलट, यादव, गांधी, जिंदल जैसे युवा लोक सभा में चुनकर आए थे। यद्यपि उनमें अनुभव की कमी है फिर भी अपनी भूमिका से यह एहसास करा दिया है कि जनहित के कार्य करने की जिजीविषा उनमें अन्य नेताओं से कम नहीं है। स्व राजीव गांधी के पुत्र राहुल गांधी राजनीति में पहले से ही सक्रिय है। सांसद चुने जाने के बाद अपने लोक सभा क्षेत्र में सक्रिय भूमिका निभाने के साथ ही उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव की चुनौतीपूर्ण उत्तरदायित्व को उन्होंने बखूबी निभाया। राष्ट्रीय कांग्रेस पार्टी ने उनके कार्यकौशल को ध्यान में रखते हुए उन्हें कांग्रेस का महामंत्री नियुक्त किया है। राहुल गांधी के महामंत्री बनाए जाने से कांग्रेस के युवा वर्ग में काफी उत्साह देखा जा रहा है।

 

हाल ही में संगीत के क्षेत्र में युवाओं की दखलादांजी बढ़ी है। रविवार को असम, दार्जलिंग के युवक प्रशांत ने इंडियन आइडल का खिताब जीता। इसके पूर्व भी कई किशोरों ने संगीत प्रतियोगिता का खिताब जीता था। अब वो जमाना लद गया जब संगीतज्ञ सालों रियाज करने के बाद संगीत प्रदर्शन की दक्षता प्राप्त कर पाते थे। युवा पीढ़ी कम समय में अच्छी तैयारी करके अच्छे संगीतकार और गायक बन रहे हैं। मंचों पर उनका प्रदर्शन भी सराहनीय है। इसी तरह सूचना प्रौद्योगिकी में भारतीय युवाओं की धूम है। अमेरिका जैसा देश आज भारतीय तकनीकी प्रतिभाओं का अमेरिका में कब्जा को लेकर चिंतित है। आस्ट्रेलिया, लंदन और जर्मनी में भारतीय युवा बड़ी संख्या में अपनी सेवाएं दे रही हैं। कुल मिलाकर भारत की युवा प्रतिभाओं ने सभी क्षेत्रों में अपने कौशल दिखाना शुरू कर दिया है। नि:संदेह यह युवा शक्ति की क्रांति का संकेत है। भारत को चाहिए कि युवा प्रतिभाओं का ज्यादा इस्तेमाल करें।

 

- एच.एस.ठाकुर

 

 

कार्यालय

संपादक, इंडियन न्यूज़ सर्विस, बाम्बे मार्केट, रायपुर, छत्तीसगढ़, मोबाईल- 09329024410, फोन- 0771-4269875, ई-मेल- editorins@gmail.com

 

 

सर्वाधिकार सुरक्षित © www.indiannewsservice.com

वेब-डिजाइन - कामिनी इन्फार्मेटिक्स के लिए प्रशांत रथ